Sharada Class 9 Chapter 5 PDF: एषा सा कृतकबुद्धिः मानवबुद्धेः सहकरी (पञ्चमः पाठः)

Sharada Class 9 Sanskrit Chapter 5, एषा सा कृतकबुद्धिः मानवबुद्धेः सहकरी, is a modern classroom dialogue in Sanskrit introducing Artificial Intelligence (कृतकबुद्धिः / AI) as a helpful companion to human intelligence.

Sharada Class 9 Chapter 5 (एषा सा कृतकबुद्धिः मानवबुद्धेः सहकरी): पाठ-सार और मुख्य बिंदु

कक्षा में संवाद पाठ एक कक्षा का वार्तालाप है। यशिका ने चालक-रहित कार देखी है और अध्यापक बताते हैं कि यह कृतकबुद्धि से संभव है। श्रेया परिभाषा देती है: जब यन्त्र मनुष्य की तरह सोचते, निर्णय लेते और कार्य करते हैं, तब वहाँ कृतकबुद्धि होती है। चैट-जीपीटी, सिरि, एलेक्सा, गूगल मानचित्र, जेमिनि और परप्लेक्सिटी इसके उदाहरण हैं।

कृतकबुद्धि के तीन प्रकार सङ्कुचित-कृतकबुद्धि (जैसे जीपीटी, गूगल मानचित्र, यू-ट्यूब), सामान्य-कृतकबुद्धि (मनुष्य के समान बुद्धि, जो अभी लक्ष्य है) और अत्युत्कृष्ट-कृतकबुद्धि (मनुष्य से भी अधिक बुद्धिमान, जो अभी काल्पनिक है)।

यन्त्र कैसे सीखते हैं विशेषज्ञ यन्त्राधिगम (मशीन लर्निंग) और गहनाधिगम (डीप लर्निंग) से यन्त्रों को दत्तांश (डेटा) के द्वारा प्रशिक्षित करते हैं। यदि प्रशिक्षण-दत्तांश पक्षपातपूर्ण हो तो निष्कर्ष भी पक्षपातपूर्ण होते हैं। इस दोष को ‘पूर्वग्रह’ कहा गया है, इसलिए मानवीय विवेक से जाँच आवश्यक है।

उपयोग के क्षेत्र शिक्षा में दीक्षा, स्वयम्, ‘सबके लिए कृतकबुद्धि’, पी.एम. ई-विद्या, चैटबॉट और अनुवाद-उपकरण; चिकित्सा में रोबोटिक सर्जरी, रोग-पूर्वज्ञान और रश्मि-परीक्षण; कृषि में ड्रोन से बीज-बुवाई, कीट-निरीक्षण और भूमि-परीक्षण; अपराध-नियन्त्रण में मुख-पहचान प्रणाली। अथर्व चैट-जीपीटी से प्राप्त एक श्लोक भी सुनाता है।

गुरुमित्र, गुरुविकल्प नहीं आकाश की चिन्ता पर अध्यापक समझाते हैं कि कृतकबुद्धि शिक्षक का मित्र है, विकल्प नहीं। शिक्षक अनुशासन, परोपकार, करुणा और व्यवहार-ज्ञान सिखाते हैं। कृतकबुद्धि एक उपकरण है, प्रेरणा मनुष्य से ही आती है, और यह मनुष्य की सहायिका है, प्रतिस्पर्धी नहीं।

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FAQ

संस्कृत में ‘Artificial Intelligence’ (AI) के लिए किस शब्द का प्रयोग किया गया है?
‘कृतकबुद्धिः’ शब्द का प्रयोग किया गया है।

कृतकबुद्धि के तीन प्रकार कौन-से हैं?
सङ्कुचित-कृतकबुद्धि, सामान्य-कृतकबुद्धि और अत्युत्कृष्ट-कृतकबुद्धि।

पाठ के अनुसार ‘पूर्वग्रह’ दोष क्या है?
जब प्रशिक्षण-दत्तांश पक्षपातपूर्ण होता है और इस कारण कृतकबुद्धि के निष्कर्ष भी पक्षपातपूर्ण हो जाते हैं।