Class 6 Sanskrit Chapter 10, बुद्धिः सर्वार्थसाधिका, from NCERT Deepakam (दीपकम्), tells the story of the clever hare king who drove away a herd of elephants by showing their leader the moon’s reflection in a lake.
Class 6 Sanskrit Chapter 10 (बुद्धिः सर्वार्थसाधिका): पाठ-सार और मुख्य बिंदु
कथा प्यासे हाथियों का झुण्ड सरोवर पर आता है और किनारे के बिलों में रहने वाले कई खरगोश कुचलकर घायल हो जाते हैं या मर जाते हैं। सभा में कोई उपाय नहीं मिलता, तब शशकराज गजराज से कहता है—यह सरोवर चन्द्रमा का निवास है, हम उसकी प्रजा हैं, इसलिए वह ‘शशाङ्क’ कहलाता है।
परिणाम जल में चन्द्रमा का प्रतिबिम्ब देखकर गजराज डर जाता है, चन्द्र को प्रणाम करता है और झुण्ड लेकर फिर कभी नहीं लौटता। शरीर-बल से बुद्धि-बल बड़ा है—‘बुद्धिः सर्वार्थसाधिका’। पाठ में क्रियापद का मूल धातु भी बताया गया है (निवसन्ति = नि + वस्)।
Chapter 10 Exercises (वयम् अभ्यासं कुर्मः)
- एक पद में उत्तर: सरोवरस्य तीरे बिलेषु के निवसन्ति? शशकराजः कस्य समीपं गच्छति? कः चन्द्रं नमति?
- क्रियापदों के धातु पहचानें
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FAQ
शशकराज ने हाथियों को कैसे भगाया?
उसने गजराज को बताया कि सरोवर चन्द्रमा का घर है और जल में चन्द्रमा का प्रतिबिम्ब दिखाया; डरकर हाथी चले गए।
चन्द्रमा को ‘शशाङ्क’ क्यों कहा गया?
कहानी में शशकराज कहता है कि खरगोश चन्द्रमा की प्रजा हैं, इसलिए वह ‘शशाङ्क’ नाम से प्रसिद्ध है।
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